भारत सरकार ने 'एक देश, एक समय' की ओर कदम बढ़ाते हुए मार्च 2027 से भारतीय मानक समय (IST) को सभी कानूनी, प्रशासनिक और डिजिटल कार्यों के लिए अनिवार्य कर दिया है। इसका मतलब यह है कि तय समय सीमा के बाद देश भर में सरकारी, कानूनी और डिजिटल गतिविधियों में समय का एक ही मानक- IST- अनिवार्य रूप से इस्तेमाल किया जाएगा। हालांकि उपलब्ध जानकारी में इस नीति के पीछे की विस्तृत वजह, इसे लागू करने वाली विशेष एजेंसी या मंत्रालय, और आम नागरिकों के दैनिक जीवन पर इसके ठोस प्रभाव के बारे में स्पष्ट ब्यौरा नहीं दिया गया है।